Monday, March 16, 2026
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AI का गंदा खेल: निशांत और मैथिली ठाकुर की फर्जी आपत्तिजनक फोटो वायरल करने वाला युवक गिरफ्तार

AI Fake Photo Case: डिजिटल युग में जहां आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक लोगों की जिंदगी को आसान बना रही है, वहीं इसका गलत इस्तेमाल भी तेजी से बढ़ रहा है. बिहार में ऐसा ही एक मामला सामने आया है, जहां एआई तकनीक का उपयोग कर दो सार्वजनिक व्यक्तियों की आपत्तिजनक तस्वीरें बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दी गईं. पुलिस ने इस मामले में आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है.

खबरों के अनुसार, बिहार के गया जिले के फतेहपुर थाना क्षेत्र से एक युवक को गिरफ्तार किया गया है, जिसने एआई की मदद से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार और विधायक व गायिका मैथिली ठाकुर की आपत्तिजनक तस्वीर तैयार कर इंटरनेट पर वायरल कर दी थी.

सोशल मीडिया पर वायरल हुई तस्वीरें
बताया जा रहा है कि आरोपी युवक ने फेसबुक समेत अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इन तस्वीरों को पोस्ट किया था. कुछ ही समय में यह पोस्ट वायरल हो गई और लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया. मामला सामने आने के बाद पुलिस तक इसकी जानकारी पहुंची, जिसके बाद तत्काल जांच शुरू की गई.

पुलिस ने तकनीकी जांच और डिजिटल ट्रैकिंग के आधार पर आरोपी की पहचान की और उसे उसके घर से गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तार युवक की पहचान गया जिले के फतेहपुर थाना क्षेत्र के शब्दो गांव निवासी विकास कुमार यादव के रूप में की गई है.

पूछताछ में सामने आए कई तथ्य
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी ने एआई टूल्स का इस्तेमाल करके दोनों की तस्वीरों को एडिट किया और उन्हें आपत्तिजनक रूप देकर सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया. शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि उसने यह काम सोशल मीडिया पर ध्यान और फॉलोअर्स बढ़ाने की लालसा में किया था.

थानाध्यक्ष ने बताया कि सोशल मीडिया पर भ्रामक और आपत्तिजनक सामग्री पोस्ट करना कानूनन अपराध है. इस मामले में आईटी एक्ट और अन्य संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है. आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.

एआई के दुरुपयोग पर बढ़ी चिंता
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि तेजी से बढ़ती एआई तकनीक का दुरुपयोग किस तरह समाज के लिए खतरा बन सकता है. विशेषज्ञों का कहना है कि फर्जी फोटो, वीडियो या डीपफेक बनाकर किसी की छवि को नुकसान पहुंचाना गंभीर अपराध है और इसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई जरूरी है.

पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया का जिम्मेदारी से इस्तेमाल करें और किसी भी प्रकार की फर्जी या आपत्तिजनक सामग्री को साझा करने से बचें. साथ ही यदि ऐसी सामग्री दिखाई दे तो तुरंत प्रशासन को सूचना दें. यह मामला इस बात की भी चेतावनी है कि तकनीक जितनी शक्तिशाली होती जा रही है, उतनी ही जिम्मेदारी के साथ उसका उपयोग करना भी जरूरी है.

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